Economy of India (भारत की अर्थव्यवस्था)

दोस्तों आज हम बात करने वाले हैं बहुत ही महत्वपूर्ण टॉपिक “भारत की अर्थव्यवस्था” (Economy Of India) के बारे में।

 

भारत की अर्थव्यवस्था

 

भारत की अर्थव्यवस्था विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है।

 

अगर हम क्षेत्रफल के नजरिये से देखें तो विश्व में सातवें स्थान पर है और जनसंख्या में इसका दूसरा स्थान है।

 

केवल 2.4% क्षेत्रफल के साथ भारत में विश्व की जनसंख्या 17% है जो कि काफी ज्यादा है।

 

इतिहास

 

भारत पहले सोने की चिडिया कहा जाता था । आर्थिक इतिहासकार एंगस मैडिसन के अनुसार पहली सदी से लेकर दसवीं सदी तक भारत की अर्थव्यवस्था विश्व की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था थी। पहली सदी में भारत का सकल घरेलू उत्पाद (GDP) विश्व के कुल जीडीपी का 32.9%%था ; सन् 1000 में यह 28.9% था ; और सन् 1700 में 24.4% था।

लेकिन इसके बाद जो हुआ वो भारत के लिए काफी डरावनी स्तिथि बन गयी।

 

ब्रिटिश काल में भारत की अर्थव्यवस्था की बैंड बजकर रह गयी जिसके बाद 1947 में आज़ादी के समय में भारतीय अर्थव्यवस्था दुनिया मे बदतर हो गयी।

 

1991 के बाद से भारतीय अर्थव्यवस्था में मजबूती का दौर शुरू हुआ। इसके बाद से भारत ने प्रतिवर्ष लगभग 8% से अधिक की वृद्धि दर्ज की।

 

अचानक साल 2003 में भारत ने 8.4 प्रतिशत की विकास दर प्राप्त की जो दुनिया की अर्थव्यवस्था में सबसे तेजी से उभरती हुई अर्थव्यवस्था का एक संकेत समझा गया।

 

 

सकल घरेलू उत्पाद GDP

 

भारत बहुत से उत्पादों (Products) के सबसे बड़े उत्पादको में से है। इनमें प्राथमिक और विनिर्मित (Manufactured) दोनों ही आते हैं। भारत दूध का सबसे बडा उत्पादक है ओर गेह, चावल, चाय चीनी, और मसालों के उत्पादन में खोज करने वालों मे से एक है। यह लौह अयस्क, वाक्साईट, कोयला और टाईटेनियम के सौभाग्यशाली भंडार हैं।

 

भारत विश्व में साफ्टवेयर इंजीनियरों के सबसे बडे Suppliers में से एक है।

भारत में Listed कंपनियों की संख्या अमेरिका के बाद दूसरे नम्बर पर है।

 

विदेशी लोन

 

भारत का विदेशी लोन व्यापार 2012 के 360.8 बिलियन अमरीकी डॉलर के मुकाबले 2013 में 404.9 बिलियन अमरीकी डॉलर था। दिसम्बर, 2013 के अंत तक यह बढ़कर 426.0 बिलियन अमरीकी डॉलर हो गया।

 

भारतीय अर्थव्यवस्था की एक झलक

 

मुद्रा (Currency)

 

1 रुपया (रू) = 100 पैसे

 

वित्तीय वर्ष (financial year)

 

1 अप्रैल – 31 मार्च

 

व्यापार संगठन (Trade organization)

 

साफ्टा, आसियान और विश्व व्यापार संगठन

 

आँकड़े

 

सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में स्थान

 

दसवाँ

 

सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी)

 

113550.73 अरब रुपये (2013-14)

 

सकल घरेलू उत्पाद GDP वास्तविक वृद्धि दर (Actual growth rate)

 

8.3%

 

सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) प्रति व्यक्ति

 

2,900$

 

सकल घरेलू उत्पाद अलग अलग क्षेत्रों में

 

कृषि (13.9%), उद्योग (26.1%), सेवा क्षेत्र (59.9%)

 

मुद्रास्फीति दर (Inflation Rate)

 

3.8%

 

गरीबी रेखा से नीचे की आबादी

 

25%

 

श्रमिक क्षमता (Labor capacity)

 

47.2 करोड़

 

व्यवसाय द्वारा श्रमिक क्षमता (1999)

 

कृषि (60%), उद्योग (17%), सेवा क्षेत्र (23%)

 

बेरोजगारी दर

 

9.5%

 

कृषि उत्पाद (Agricultural products)

 

चावल, गेहूँ, तिलहन, कपास, जूट, चाय, गन्ना, आलू; पशु, भैंस, भेंड़, बकरी, मुर्गी; मत्सय

 

मुख्य उद्योग (main industries)

 

वस्त्र उद्योग, रसायन, खाद्य प्रसंस्करण, इस्पात, यातायात के उपकरण, सीमेंट, खनन, पेट्रोलियम, भारी मशीनें, साफ्टवेयर।

 

बाहरी व्यापार

 

आयात (2003)

 

74.15 अरब डॉलर

 

मुख्य आयातित सामग्री (Main imported content)

 

कच्चा तेल, मशीनें, जवाहरात, उर्वरक, रासायन

 

मुख्य व्यापरिक सहयोगी (2003)

 

संराअमेरिका 6.4%, बेल्जियम 5.6%, ब्रिटेन4.8%, चीन 4.3%, सिंगापुर 4%

 

निर्यात

 

57.24 अरब डॉलर

 

निर्यात (Export) के मुख्य सामान

 

कपड़े, जवाहरात और गहने, इंजिनयरिंग के सामान, रासायन, चमड़ा

 

मुख्य सहयोगी (2001)

 

संराअमेरिका 20.6%, चीन 6.4%, ब्रिटेन 5.3%, हांगकांग 4.8%, जर्मनी 4.4%

 

सार्वजनिक वाणिज्य (Public commerce)

 

लोन

 

1.810701 अरब डॉलर (सकल घरेलू उत्पाद का 59.7%)

 

बाहरी लोन

 

101.7 अरब डॉलर

 

आय (Income)

 

86.69 अरब डॉलर

 

लागत

 

101.1 अरब डॉलर

 

रकम लागत

 

13.5 अरब डॉलर

 

वित्तीय सहायता ग्रहण (Financial aid eclipse)

(1998/99)

 

2.9 अरब डॉलर

 

2016 भारत की अर्थव्यवस्था एक दम सही चल रही थी लेकिन फिर नोटबंदी की वजह से भारत की अर्थव्यवस्था पर बहुत बड़ा असर पड़ा।

 

इसी तरह फिर GST आयी और अर्थव्यवस्था एक बार फिर इधर की उधर हो गयी। और भारत अर्थव्यवस्था के मामले में काफी पिछड़ गया।

 

उम्मीद है आपको भारत की अर्थव्यवस्था (Economy Of India) का ये पोस्ट पसंद आया होगा।

 

आपका कीमती समय देने के लिए धन्यवाद।